लखनऊ, 12 जून 2026 (यूएनएस)। राजधानी लखनऊ में शहरी स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए 14 नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों को उन्नत कर पॉलीक्लीनिक के रूप में शुरू किया गया है। उपमुख्यमंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री ब्रजेश पाठक ने शुक्रवार को इन पॉलीक्लीनिकों का लोकार्पण किया। इस अवसर पर चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्यमंत्री मयंकेश्वर शरण सिंह भी उपस्थित रहे।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, नई व्यवस्था से शहरवासियों को अपने क्षेत्र में ही विशेषज्ञ चिकित्सकों की सुविधा उपलब्ध होगी। इससे सामान्य और विशेष उपचार के लिए बड़े अस्पतालों की लंबी कतारों और अनावश्यक भागदौड़ से राहत मिलेगी।
प्रत्येक पॉलीक्लीनिक में स्त्री एवं प्रसूति रोग, शिशु रोग, सामान्य चिकित्सा, नेत्र रोग, अस्थि रोग, त्वचा रोग, नाक-कान-गला रोग तथा मानसिक स्वास्थ्य के विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। विशेषज्ञ डॉक्टर निर्धारित रोस्टर के अनुसार सप्ताह में दो दिन मरीजों का उपचार करेंगे।
इन केंद्रों में एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड, ईसीजी, मिनी पैथोलॉजी प्रयोगशाला सहित आधुनिक जांच सुविधाएं भी उपलब्ध रहेंगी। साथ ही 63 प्रकार की जांच सेवाएं और 195 आवश्यक दवाएं मरीजों को उपलब्ध कराई जाएंगी।
स्वास्थ्य विभाग का दावा है कि प्रत्येक पॉलीक्लीनिक प्रतिदिन लगभग 500 बाह्य रोगी मरीजों को सेवाएं देने में सक्षम होगा। आवश्यकता पड़ने पर दूरस्थ चिकित्सा सेवा के माध्यम से भी विशेषज्ञ परामर्श उपलब्ध कराया जाएगा।
उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि सरकार का उद्देश्य गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाओं को आम जनता के घरों के नजदीक पहुंचाना है। इन पॉलीक्लीनिकों के शुरू होने से मरीजों का समय और खर्च दोनों बचेंगे, वहीं जिला अस्पतालों और चिकित्सा महाविद्यालयों पर बढ़ता दबाव भी कम होगा।
स्वास्थ्य विभाग का मानना है कि यह पहल शहरी स्वास्थ्य व्यवस्था को नई मजबूती देने के साथ-साथ आम नागरिकों को बेहतर, सुलभ और विशेषज्ञ चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
