लखनऊ, 02 जून (यूएनएस)। उत्तर प्रदेश के नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने मंगलवार को प्रदेश की विद्युत व्यवस्था की व्यापक समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिया कि उपभोक्ताओं को हर हाल में निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण बिजली उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने कहा कि आंधी-तूफान या अन्य कारणों से कहीं भी विद्युत आपूर्ति बाधित होने पर उसका तत्काल समाधान सुनिश्चित किया जाए।
लखनऊ स्थित संगम सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में ऊर्जा मंत्री ने प्रदेश के सभी विद्युत वितरण निगमों (डिस्कॉम) के कार्यों का डिस्कॉमवार मूल्यांकन किया। बैठक के दौरान उन्होंने हाल ही में आई आंधी और खराब मौसम से विद्युत अवसंरचना को हुए नुकसान तथा उसके निस्तारण की प्रगति की जानकारी ली।
मंत्री ने सभी वितरण निगमों के प्रबंध निदेशकों को निर्देश दिए कि बिजली आपूर्ति व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने के लिए संवेदनशीलता और जवाबदेही के साथ कार्य करें। उन्होंने कहा कि जनता को बेहतर सेवाएं देना विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए।
बैठक में जनप्रतिनिधियों और आम नागरिकों से प्राप्त शिकायतों की भी समीक्षा की गई। सिद्धार्थनगर जनपद से संबंधित शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए मंत्री ने अधिशासी अभियंता ज्ञान प्रकाश के खिलाफ प्राप्त शिकायतों की जांच कर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जनप्रतिनिधियों और उपभोक्ताओं की शिकायतों की अनदेखी किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी।
संविदाकर्मियों के मुद्दे पर भी मंत्री ने अधिकारियों को कड़ा संदेश दिया। उन्होंने संविदा कर्मचारियों को हटाए जाने संबंधी शिकायतों पर नाराजगी जताते हुए निर्देश दिया कि किसी भी संविदाकर्मी को बिना उचित कारण नौकरी से न निकाला जाए। उन्होंने कहा कि विद्युत व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने में संविदाकर्मियों की महत्वपूर्ण भूमिका है और उनके हितों की रक्षा की जानी चाहिए।
ए.के. शर्मा ने विधायक निधि से प्रस्तावित विद्युत विभाग की विकास परियोजनाओं की भी समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी परियोजनाओं को समयबद्ध ढंग से पूरा किया जाए ताकि जनता को शीघ्र लाभ मिल सके। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों की अपेक्षाओं और क्षेत्रीय आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए विकास कार्यों में तेजी लाई जाए।
बैठक में उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (यूपीपीसीएल) के प्रबंध निदेशक नीतीश कुमार सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। वहीं अपर मुख्य सचिव ऊर्जा आशीष गोयल तथा प्रदेश के सभी डिस्कॉम के प्रबंध निदेशक वर्चुअल माध्यम से बैठक में शामिल हुए।
ऊर्जा मंत्री ने अंत में अधिकारियों से कहा कि बिजली उपभोक्ताओं की समस्याओं का त्वरित समाधान और निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करना विभाग की प्राथमिक जिम्मेदारी है तथा इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
