प्रयागराज। उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मंशा 2029 के लोकसभा और विधानसभा चुनावों में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने की है। उन्होंने इसे महिला सशक्तीकरण की दिशा में ऐतिहासिक कदम बताया।
मौर्य ने कहा कि केंद्र सरकार ने अपने दूसरे कार्यकाल में नए संसद भवन में नारी शक्ति वंदन अधिनियम पारित कराया और अब इस दिशा में आगे बढ़ते हुए व्यापक स्तर पर इसे लागू करने की तैयारी है। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से अपील करते हुए कहा कि महिला आरक्षण जैसे महत्वपूर्ण मुद्दे पर राजनीति नहीं होनी चाहिए।
समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव द्वारा मुस्लिम महिलाओं को अलग से आरक्षण देने की मांग पर मौर्य ने तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा मुसलमानों को वोट बैंक के रूप में देखती है और यह तुष्टीकरण की राजनीति है। उन्होंने कहा कि संविधान में धर्म के आधार पर आरक्षण का कोई प्रावधान नहीं है।
नोएडा में हाल ही में हुए श्रमिक विवाद पर उपमुख्यमंत्री ने कहा कि शुरुआती जांच में कुछ संदिग्ध कनेक्शन सामने आए हैं, जिनकी गहन जांच के लिए उच्च स्तरीय समिति गठित की गई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार श्रमिकों और उद्योगों दोनों के हितों का ध्यान रखेगी, लेकिन कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव को लेकर मौर्य ने दावा किया कि इस बार राज्य में भारतीय जनता पार्टी पूर्ण बहुमत से सरकार बनाएगी। वहीं, कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा के आरोपों पर उन्होंने कहा कि विपक्ष चाहे तो महिला आरक्षण का श्रेय ले सकता है, लेकिन यदि विरोध करेगा तो महिलाएं इसका जवाब देंगी।
उन्होंने दोहराया कि भारतीय जनता पार्टी शुरू से ही महिला आरक्षण के पक्ष में रही है और आने वाले समय में इसे पूरी तरह लागू करने के लिए प्रतिबद्ध है।
