अहिल्यानगर, 05 जून 2026 (यूएनएस)। पाकिस्तानी गैंगस्टरों से कथित संबंधों के मामले में महाराष्ट्र आतंकवाद निरोधक दस्ता (एटीएस) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अहिल्यानगर जिले से हिरासत में लिए गए चार संदिग्धों से गहन पूछताछ शुरू कर दी है। सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि इन लोगों के संपर्क केवल आपराधिक गतिविधियों तक सीमित थे या किसी बड़े संगठित नेटवर्क से भी जुड़े हुए थे।
सूत्रों के अनुसार, महाराष्ट्र में पिछले दो दिनों से एटीएस का विशेष अभियान जारी है, जिसके तहत पांच स्थानों पर छापेमारी की गई। जांच एजेंसियों का दावा है कि हिरासत में लिए गए चारों युवक कथित रूप से पाकिस्तानी गैंगस्टर राणा और भाटी के संपर्क में थे। एटीएस अब इन संपर्कों की प्रकृति और उद्देश्य की पड़ताल कर रही है।
जांच में यह भी सामने आया है कि अहिल्यानगर में श्री राम संघ के अध्यक्ष सागर बेग को पहले जान से मारने की धमकियां मिली थीं। बताया जा रहा है कि ये धमकियां कथित तौर पर राणा और भाटी की ओर से दी गई थीं। इसी मामले की जांच के दौरान सुरक्षा एजेंसियों ने स्थानीय संपर्कों की तलाश शुरू की थी, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई।
एटीएस को जांच के दौरान कुछ ऐसे डिजिटल और तकनीकी साक्ष्य मिले, जिनसे चारों संदिग्धों के गैंगस्टरों से संपर्क होने के संकेत मिले। इसके आधार पर एजेंसी ने छापेमारी कर उन्हें पूछताछ के लिए हिरासत में लिया।
अधिकारियों के अनुसार, बुधवार से ही चारों संदिग्ध एटीएस की निगरानी में हैं और उनसे लगातार पूछताछ की जा रही है। एजेंसी उनके मोबाइल फोन, डिजिटल रिकॉर्ड, कॉल डिटेल, सोशल मीडिया गतिविधियों और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की भी जांच कर रही है।
जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि क्या ये युवक स्वतंत्र रूप से काम कर रहे थे या फिर किसी बड़े संगठित नेटवर्क का हिस्सा थे, जिसकी गतिविधियां महाराष्ट्र के अन्य क्षेत्रों तक फैली हो सकती हैं।
फिलहाल एटीएस ने हिरासत में लिए गए व्यक्तियों की पहचान सार्वजनिक नहीं की है और न ही किसी औपचारिक गिरफ्तारी की घोषणा की है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच जारी है तथा कई अन्य स्थानों पर भी सत्यापन और छापेमारी की कार्रवाई की जा रही है।
