नयी दिल्ली, 13 मार्च । निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में शुक्रवार को हल्के-फुल्के अंदाज में चंद्रशेखर आजाद को अपने नाम के साथ ‘रावण’ की जगह ‘विदुर’ जोड़ने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि ‘महाभारत’ में विदुर एक अत्यंत सम्मानित और विद्वान व्यक्तित्व माने जाते हैं।
लोकसभा में चर्चा के दौरान वित्त मंत्री ने आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के सांसद चंद्रशेखर की ओर इशारा करते हुए कहा कि उन्होंने अपने नाम में ‘रावण’ जोड़ा है, जबकि ‘विदुर’ महाभारत का एक अत्यंत विद्वान और सम्मानित पात्र है।
उन्होंने कहा, “मैं हल्के-फुल्के अंदाज में यह बात कह रही हूं, इसे गलत न समझा जाए। चंद्रशेखर जी ने अपने नाम में ‘रावण’ जोड़ा है, लेकिन विदुर बहुत विद्वान माने जाते हैं। इसलिए रावण की जगह विदुर का नाम जोड़िए।”
इसके बाद सीतारमण ने हाथ जोड़कर नगीना के सांसद को “चंद्रशेखर विदुर” कहकर संबोधित किया, जिस पर सत्ता पक्ष के कई सदस्यों ने भी इस शब्द को दोहराया। इस टिप्पणी के बाद सदन में कुछ देर के लिए हल्का-फुल्का माहौल बन गया और चंद्रशेखर, उनके पास बैठे शत्रुघ्न सिन्हा सहित कई विपक्षी सदस्य भी मुस्कराते नजर आए।
यह टिप्पणी उस समय आई जब ‘एलपीजी संकट’ के मुद्दे पर विपक्ष के हंगामे के बीच वित्त मंत्री विपक्ष पर जवाब दे रही थीं। सीतारमण ने यह भी उल्लेख किया कि नगीना के सांसद ने उनके साथ “सौतेला व्यवहार” किए जाने की बात कही है।
वित्त मंत्री ने इस आरोप का जवाब देते हुए जल जीवन मिशन और स्वच्छ भारत मिशन सहित केंद्र सरकार की योजनाओं के तहत बिजनौर जिले में किए गए कार्यों का विवरण दिया।
उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन के तहत बिजनौर जिले में करीब पांच लाख ग्रामीण घरों को नल से जल की सुविधा दी गई है, जबकि स्वच्छ भारत मिशन के तहत लगभग तीन लाख घरों में शौचालयों का निर्माण कराया गया है।
सीतारमण ने चर्चा के दौरान राजकुमार रोत का भी जिक्र करते हुए कहा कि सरकार छोटी पार्टियों और निर्दलीय सांसदों को भी ध्यान से सुनती है। उन्होंने बताया कि उनके निर्वाचन क्षेत्र में 2019 की तुलना में अब तक ‘नल से जल’ कनेक्शनों की संख्या दस गुना बढ़ी है।
नगीना लोकसभा क्षेत्र बिजनौर जिले में स्थित है।
