लखनऊ, 09 जुलाई। सरोजनीनगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में आधारभूत संरचना का अभूतपूर्व विस्तार हो रहा है और सरोजनीनगर इसका प्रमुख उदाहरण बनकर उभर रहा है। उन्होंने कहा कि सड़क, पुल, एक्सप्रेस-वे, रेलवे और सार्वजनिक परिवहन से जुड़ी विभिन्न परियोजनाएं क्षेत्र को आधुनिक, सुगम और विकसित बनाने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही हैं।
डॉ. राजेश्वर सिंह ने बताया कि ₹5,000 करोड़ की लागत से 50 किलोमीटर लंबे लिंक एक्सप्रेस-वे का निर्माण कराया जा रहा है, जो आगरा एक्सप्रेस-वे को पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे से जोड़ेगा। इससे न केवल आवागमन आसान होगा बल्कि औद्योगिक और आवासीय विकास को भी नई गति मिलेगी।
उन्होंने कहा कि ₹4,700 करोड़ की लागत से बन रही 65 किलोमीटर लंबी लखनऊ-कानपुर एलिवेटेड रोड पूरी होने के बाद अमौसी एयरपोर्ट से कानपुर की यात्रा लगभग 40 मिनट में पूरी की जा सकेगी। इससे यातायात सुगम होने के साथ व्यापार और निवेश को भी बढ़ावा मिलेगा।
पुलों और नहर पटरियों पर भी बड़े निवेश
विधायक ने बताया कि ₹499.51 करोड़ की लागत से छह प्रमुख पुलों का निर्माण कराया जा रहा है। इनमें हरौनी में ₹43.19 करोड़, मरी माता मंदिर के पास ₹15.93 करोड़ तथा लखनऊ-सुल्तानपुर रेल मार्ग पर ₹37.69 करोड़ की लागत से पुलों का निर्माण शामिल है।
उन्होंने बताया कि ₹492.34 करोड़ की लागत से विभिन्न नहरों की 11 क्षतिग्रस्त पटरियों का जीर्णोद्धार कराया गया है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में संपर्क और आवागमन बेहतर हुआ है।
इसके अलावा शहीद पथ एयरपोर्ट पर ₹135 करोड़, बंगला बाजार-बिजनौर मार्ग पर ₹122 करोड़, अवध विहार में ₹108 करोड़ तथा लखनऊ-नगराम रेल मार्ग पर ₹37.70 करोड़ की लागत से पुल निर्माण कार्य भी प्रगति पर हैं।
1,900 से अधिक सड़कों का निर्माण
डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि नगर निगम, नगर पंचायत तथा महापौर एवं पार्षद निधियों के माध्यम से ₹144 करोड़ की लागत से 1,900 से अधिक सड़कों का निर्माण कराया गया है।
उन्होंने बताया कि लोक निर्माण विभाग द्वारा ₹216 करोड़ की लागत से 165 सड़कों का निर्माण एवं सुदृढ़ीकरण किया गया है, जबकि यूपीसीडा ने ₹514.50 करोड़ की लागत से चार प्रमुख सड़कों का निर्माण कराया है।
उन्होंने बताया कि बनी से मोहनलालगंज के बीच 11.50 किलोमीटर सड़क को चार लेन बनाने के लिए ₹163 करोड़ स्वीकृत किए गए हैं। वहीं मुख्यमंत्री ग्रिड योजना के तहत ₹63 करोड़ से दो प्रमुख सड़कों का निर्माण कराया जा रहा है।
सड़क चौड़ीकरण और नए फुटओवर ब्रिज
उन्होंने बताया कि चन्द्रावल चौराहे से कानपुर रोड तक सड़क चौड़ीकरण का कार्य ₹17 करोड़ की लागत से कराया जा रहा है, जिससे जाम और दुर्घटनाओं में कमी आएगी।
एनएचएआई द्वारा शांति नगर और दरोगा खेड़ा में दो आधुनिक फुटओवर ब्रिज (एफओबी) के निर्माण को भी स्वीकृति मिल चुकी है। इसके अतिरिक्त लोक निर्माण विभाग द्वारा ₹4.65 करोड़ की लागत से रैंप निर्माण कार्य कराया जाएगा, जिसके लिए राज्य सड़क निधि से वित्तीय स्वीकृति और प्रारंभिक धनराशि जारी कर दी गई है।
रेल और सार्वजनिक परिवहन को भी मिली नई गति
डॉ. राजेश्वर सिंह ने बताया कि लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेस-वे, अमौसी रेलवे अंडरपास, किसान पथ (आउटर रिंग रोड), अर्जुनगंज-कैंट ब्रिज और पिपरसंड रेलवे अंडरपास जैसी महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर कार्य तेजी से चल रहा है।
उन्होंने कहा कि लखनऊ-कानपुर के बीच फास्ट ट्रेनों का संचालन शुरू हो चुका है, जबकि हरौनी-कानपुर मेमू सेवा भी दोबारा शुरू की गई है। उत्तरेठिया, अमौसी और ट्रांसपोर्ट नगर रेलवे स्टेशनों पर यात्री सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है तथा हरौनी में रेल ओवरब्रिज का निर्माण भी जारी है।
इसके अलावा बनी तक नगरीय बस सेवा का विस्तार किया गया है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को बेहतर सार्वजनिक परिवहन सुविधा मिल रही है।
हर गांव तक पहुंचेगा विकास
विधायक ने कहा कि पंचायतीराज विभाग द्वारा ₹4.37 करोड़ की लागत से 49 मार्गों का निर्माण कराया जा रहा है। इसके अलावा नियोजन विभाग, मंडी परिषद, एलडीए तथा सांसद एवं विधायक निधि से भी अनेक सड़कों के निर्माण और सुधार कार्य चल रहे हैं।
उन्होंने कहा कि सरोजनीनगर का प्रत्येक गांव, मोहल्ला और सड़क आधुनिक आधारभूत संरचना से जोड़ा जा रहा है। आने वाले समय में यह क्षेत्र प्रदेश के सबसे विकसित विधानसभा क्षेत्रों में शामिल होगा।
डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा, “बेहतर सड़कें, मजबूत पुल, आधुनिक रेलवे और एक्सप्रेस-वे नेटवर्क केवल आवागमन को आसान नहीं बनाते, बल्कि निवेश, उद्योग और रोजगार के नए अवसर भी पैदा करते हैं। हमारा संकल्प सरोजनीनगर को आधुनिक एवं विश्वस्तरीय आधारभूत संरचना से युक्त क्षेत्र के रूप में स्थापित करना है।”
