लखनऊ, 24 जून 2026 (यूएनएस)। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को बेंगलुरु में आयोजित ‘उत्तर प्रदेश ग्लोबल ग्रोथ डायलॉग-2026’ को संबोधित करते हुए कहा कि नौ वर्ष पहले उत्तर प्रदेश को बिगड़ी कानून-व्यवस्था, नीति-गत ठहराव और विकासहीनता वाले बीमारू राज्य के रूप में देखा जाता था, लेकिन आज प्रदेश देश की अपेक्षाओं पर खरा उतर रहा है और निवेश, उद्योग तथा आधारभूत ढांचे के क्षेत्र में नई पहचान बना चुका है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले पलायन प्रदेश की नियति बन चुका था और कृषि, एमएसएमई तथा आधारभूत ढांचे से लोगों का भरोसा उठ चुका था। आज उत्तर प्रदेश में वह सब कुछ उपलब्ध है, जिसकी भारत को अपेक्षा है। उन्होंने कहा कि सुरक्षा, स्पीड और स्थिरता के साथ विश्वस्तरीय इंफ्रास्ट्रक्चर तथा बेहतर कनेक्टिविटी ने प्रदेश को निवेशकों के लिए आदर्श गंतव्य बना दिया है।
बेंगलुरु में आयोजित इन्वेस्टर रोड शो के दौरान मुख्यमंत्री ने निवेशकों और उद्योग जगत के प्रतिनिधियों से संवाद किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में निवेश के लिए अनुकूल वातावरण तैयार किया गया है, जिसका परिणाम विभिन्न क्षेत्रों में तेजी से दिखाई दे रहा है।
इसी क्रम में योगी सरकार ने प्रदेश की सड़क और कनेक्टिविटी परियोजनाओं को गति देने के लिए 20 महत्वपूर्ण परियोजनाओं हेतु 101.23 करोड़ रुपये जारी किए हैं। लोक निर्माण विभाग द्वारा जारी धनराशि में पांच बाईपास एवं फ्लाईओवर परियोजनाओं के लिए 23.56 करोड़ रुपये तथा 15 राज्य मार्ग परियोजनाओं के लिए 77.66 करोड़ रुपये शामिल हैं।
सरकार द्वारा जारी धनराशि से अलीगढ़ के एटा चुंगी फ्लाईओवर, उन्नाव के बक्सर बाईपास, बलिया के नरायनपुर-रामनगर मार्ग, बहराइच बाईपास एवं सरयू नदी पर सेतु निर्माण तथा सीतापुर के नैमिषारण्य बाईपास जैसी परियोजनाओं को गति मिलेगी। इसके अतिरिक्त राज्य मार्गों के चौड़ीकरण एवं सुदृढ़ीकरण की विभिन्न योजनाओं पर भी कार्य तेज होगा।
कौशांबी के पर्यटन स्थल को प्रयागराज मुख्यालय और एयरपोर्ट से जोड़ने वाली 31.85 किलोमीटर लंबी फोरलेन परियोजना के लिए सर्वाधिक 20 करोड़ रुपये जारी किए गए हैं, जबकि फतेहपुर-बहुआ-हिनौता मार्ग के चौड़ीकरण के लिए 26.22 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। राजधानी लखनऊ में कुर्सी मार्ग पर अलीगंज नया हनुमान मंदिर से नीरा नर्सिंग होम तक संकरे हिस्से के चौड़ीकरण के लिए भी 2.33 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं, जिससे क्षेत्र में लंबे समय से बनी जाम की समस्या से राहत मिलने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार का लक्ष्य धार्मिक, पर्यटन और औद्योगिक क्षेत्रों को बेहतर सड़क संपर्क उपलब्ध कराना है, ताकि आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिले और उत्तर प्रदेश देश की विकास यात्रा में अग्रणी भूमिका निभा सके।
