नई दिल्ली। राज्यसभा में बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम सामने आया है, जहां आम आदमी पार्टी (आप) से अलग हुए सात सदस्यों के भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में विलय को आधिकारिक मंजूरी मिल गई है। यह स्वीकृति राज्यसभा के सभापति की ओर से दी गई, जिसके बाद सदन में दलों की सदस्य संख्या में अहम बदलाव हुआ है।
राज्यसभा सचिवालय द्वारा जारी ताजा सूची के अनुसार, इन सात सदस्यों को 24 अप्रैल 2026 से ही भाजपा का सदस्य मान लिया गया है। इसके साथ ही राज्यसभा में भाजपा की सदस्य संख्या 106 से बढ़कर 113 हो गई है।
भाजपा में शामिल होने वाले नेताओं में राघव चड्ढा, डॉ. संदीप कुमार पाठक, डॉ. अशोक कुमार मित्तल, हरभजन सिंह, विक्रमजीत सिंह साहनी, स्वाति मालीवाल और राजेंद्र गुप्ता के नाम शामिल हैं।
गौरतलब है कि 24 अप्रैल को नई दिल्ली में आयोजित एक प्रेस वार्ता में इन नेताओं ने राज्यसभा में आप के सात सदस्यों के भाजपा में शामिल होने की घोषणा की थी। इसके बाद यह मामला औपचारिक स्वीकृति के लिए सभापति के पास गया था।
इस घटनाक्रम के बाद राज्यसभा में आप की स्थिति कमजोर हुई है। अब पार्टी के पास केवल तीन सदस्य रह गए हैं, जिनमें संजय सिंह, नारायण दास गुप्ता और संत बलबीर सिंह शामिल हैं।
बताया जा रहा है कि इस राजनीतिक बदलाव से पहले आप ने राघव चड्ढा को राज्यसभा में पार्टी के उपनेता पद से हटा दिया था, जिसके बाद पार्टी के भीतर असंतोष बढ़ गया और अंततः यह बड़ा कदम सामने आया।
