देहरादून, 22 मार्च । पुष्कर सिंह धामी ने अपने मंत्रिमंडल में पांच नए सदस्यों को शामिल करने के दो दिन बाद रविवार को विभागों का बंटवारा कर दिया। इस दौरान कुछ पुराने मंत्रियों के कार्यभार में भी फेरबदल किया गया है। मुख्यमंत्री ने गृह, वित्त, सूचना, राजस्व, औद्योगिक विकास, खनन, ऊर्जा, आबकारी, नागरिक उड्डयन और राज्य संपत्ति जैसे कई महत्वपूर्ण विभाग अपने पास ही रखे हैं।
राज्य सरकार द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, वन एवं संसदीय कार्य मंत्री सुबोध उनियाल को स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। वहीं, तकनीकी शिक्षा विभाग उनसे लेकर धन सिंह रावत को सौंपा गया है, जो अब तक स्वास्थ्य विभाग संभाल रहे थे। रावत के पास विद्यालयी शिक्षा, संस्कृत शिक्षा और सहकारिता विभाग पहले की तरह बने रहेंगे।
इसी क्रम में वरिष्ठ मंत्री सतपाल महाराज से पंचायती राज और जलागम प्रबंधन विभाग वापस ले लिए गए हैं। हाल ही में मंत्रिमंडल में शामिल किए गए मदन कौशिक को पंचायती राज विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके अलावा उन्हें आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास, आयुष एवं आयुष शिक्षा तथा जनगणना का प्रभार भी दिया गया है।
कृषि मंत्री गणेश जोशी से ग्राम्य विकास विभाग लेकर नए मंत्री भरत सिंह चौधरी को सौंपा गया है। चौधरी को लघु, सूक्ष्म एवं मध्यम उद्यम (एमएसएमई) विभाग की जिम्मेदारी भी दी गई है।
नए मंत्री खजान दास को समाज कल्याण, अल्पसंख्यक कल्याण और छात्र कल्याण विभाग सौंपे गए हैं। वहीं प्रदीप बत्रा को परिवहन, सूचना प्रौद्योगिकी, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी तथा जैव प्रौद्योगिकी विभाग दिए गए हैं। इसके अलावा राम सिंह कैड़ा को शहरी विकास, पर्यावरण संरक्षण एवं जलवायु परिवर्तन और जलागम प्रबंधन विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
महिला सशक्तीकरण एवं बाल विकास मंत्री रेखा आर्य तथा पशुपालन एवं गन्ना विकास मंत्री के विभागों में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को अपने मंत्रिमंडल का विस्तार करते हुए खजान दास, मदन कौशिक, राम सिंह कैड़ा, प्रदीप बत्रा और भरत सिंह चौधरी को मंत्री पद की शपथ दिलाई थी। विभागों के बंटवारे के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार के पिछले चार वर्ष सेवा, सुशासन और जनकल्याण को समर्पित रहे हैं और सरकार उत्तराखंड को विकसित भारत का अग्रणी राज्य बनाने के लिए पूरी निष्ठा से कार्य कर रही है।
