गुवाहाटी, 18 अक्टूबर — प्रसिद्ध गायक जुबिन गर्ग की मौत के मामले में गिरफ्तार पांच आरोपियों को असम के बक्सा जेल ले जाए जाने के दौरान भड़की हिंसा के सिलसिले में अब तक नौ लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने शनिवार को यह जानकारी दी और कहा कि हिंसा में शामिल कई अन्य आरोपियों की पहचान हो चुकी है तथा उन्हें जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।
बक्सा जिले के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक उज्ज्वल प्रतिम बरुआ ने बताया कि इस मामले को गंभीरता से लिया गया है और एक विशेष जांच टीम सक्रिय रूप से काम कर रही है। “अब तक नौ लोगों को गिरफ्तार किया गया है। कुछ और लोगों की पहचान की जा चुकी है और उनकी तलाश जारी है,” उन्होंने कहा।
हिंसा उस समय भड़क उठी जब गर्ग की मौत के मामले में गिरफ्तार पांच आरोपियों को गुवाहाटी से बक्सा जेल स्थानांतरित किया गया। भीड़ ने आरोपियों को ले जा रहे वाहनों पर पथराव किया और कई अन्य वाहनों को आग के हवाले कर दिया। इस हिंसा में वरिष्ठ अधिकारियों सहित 40 पुलिसकर्मी घायल हो गए। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा और आंसू गैस के गोले दागने पड़े।
बरुआ ने बताया कि हिंसा के पीछे सुनियोजित साजिश का संकेत मिला है। “व्हाट्सएप पर बने एक ग्रुप से यह सामने आया है कि पथराव और हिंसा की योजना पहले से बनाई गई थी। इस ग्रुप का एडमिन बेंगलुरु में बैठा एक व्यक्ति है, जिसने सदस्यों को पुलिस काफिले पर हमले के लिए उकसाया,” उन्होंने बताया।
पुलिस ने कहा कि गिरफ्तार लोगों में से कई आपराधिक पृष्ठभूमि वाले हैं, जिनमें बाइक और मवेशी चोरी जैसे मामलों के हिस्ट्रीशीटर शामिल हैं।
हिंसा के बाद जिला प्रशासन ने मुशालपुर और आसपास के क्षेत्रों में निषेधाज्ञा लागू कर दी थी। इंटरनेट और मोबाइल डेटा सेवाएं अस्थायी रूप से बंद कर दी गई थीं, जिन्हें अब बहाल कर दिया गया है। जेल परिसर और उसके आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।
जुबिन गर्ग की मौत 19 सितंबर को सिंगापुर में समुद्र में तैरते समय हुई थी। वह ‘नॉर्थ ईस्ट इंडिया फेस्टिवल’ के चौथे संस्करण में भाग लेने के लिए वहां गए थे।
इस मामले में आयोजक श्यामकानु महंत, गायक के प्रबंधक सिद्धार्थ शर्मा, चचेरे भाई संदीपन गर्ग, निजी सुरक्षा अधिकारी नंदेश्वर बोरा और प्रबीन वैश्य को बक्सा जेल में रखा गया है। वहीं, बैंड के दो अन्य सदस्य — शेखरज्योति गोस्वामी और अमृतप्रभा महंत — को हाफलोंग जेल भेजा गया है। पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है।
