लखनऊ, 8 फरवरी 2026। उत्तर प्रदेश विधानमंडल के आगामी बजट सत्र के सुचारु संचालन को लेकर रविवार को विधान भवन में एक सर्वदलीय बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने की। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से सदन की कार्यवाही को गरिमापूर्ण एवं सुचारु रूप से संचालित करने में सहयोग प्रदान करने का अनुरोध किया।
विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने कहा कि सदन का संचालन सभी दलों के सहयोग से ही संभव है। सकारात्मक वातावरण में तार्किक, तथ्यपरक और गुणवत्तापूर्ण संवाद से जनसमस्याओं का सार्थक समाधान निकाला जा सकता है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व और मार्गदर्शन में प्रदेश की छवि देश-दुनिया में बदली है और इस परंपरा को आगे बढ़ाने की जिम्मेदारी हम सभी की है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री एवं नेता सदन योगी आदित्यनाथ ने बताया कि संसदीय परंपरा के अनुसार विधानसभा सत्र की शुरुआत सोमवार, 9 फरवरी 2026 को राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल के अभिभाषण से होगी। उन्होंने कहा कि 11 फरवरी को वित्तीय वर्ष 2026–27 का बजट प्रस्तुत किया जाएगा। कुल 10 कार्य दिवसों वाला यह बजट सत्र विगत कई वर्षों में सबसे बड़ा सत्र है, जिसमें राज्यपाल के अभिभाषण, बजट और अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर व्यापक एवं सार्थक चर्चा की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘विकसित भारत के विकसित उत्तर प्रदेश’ विजन डॉक्यूमेंट–2047 को अंतिम स्वरूप देने के लिए सदन में चर्चा अत्यंत आवश्यक है। उत्तर प्रदेश विधानमंडल देश में सर्वाधिक सार्थक चर्चा का उदाहरण बन चुका है और इस परंपरा को आगे बढ़ाना होगा। उन्होंने कहा कि संसदीय परंपराओं के सुदृढ़ होने से लोकतंत्र को मजबूती मिलती है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सत्र के सुचारु संचालन के लिए सत्ता पक्ष की ओर से पूर्ण सहयोग का आश्वासन देते हुए कहा कि सरकार विधायिका के मंच का बेहतर उपयोग कर सदस्यों के अमूल्य सुझावों पर गंभीरता से विचार करते हुए जनहित से जुड़े कार्यक्रमों को जमीनी स्तर पर उतारने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि विपक्ष जितनी संवेदनशीलता से सदन चलाने में सहयोग करेगा, सरकार उससे दोगुनी गति से सकारात्मक रूप से आगे बढ़ेगी।
संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने कहा कि सदन का सुचारु संचालन पक्ष और विपक्ष के सहयोग से ही संभव है। सभी दलों द्वारा कार्यवाही के निर्बाध संचालन का आश्वासन दिया जाना एक स्वस्थ संसदीय परंपरा का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि आज देश-दुनिया में उत्तर प्रदेश का परसेप्शन बदला है और प्रदेश निवेश के लिए एक सुरक्षित व भरोसेमंद गंतव्य बनकर उभरा है।
बैठक में नेता प्रतिपक्ष समाजवादी पार्टी के माता प्रसाद पाण्डेय, अपना दल (सोनेलाल) के राम निवास वर्मा, राष्ट्रीय लोकदल के राजपाल बालियान, सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के ओम प्रकाश राजभर, निर्बल इंडियन शोषित हमारा आम दल के रमेश सिंह, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की आराधना मिश्रा ‘मोना’ तथा जनसत्ता दल लोकतांत्रिक के विनोद सरोज ने अपने-अपने दलों की ओर से सदन की कार्यवाही के निर्बाध संचालन हेतु पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया।
इस अवसर पर मत्स्य मंत्री संजय निषाद भी उपस्थित रहे।
