शाहजहांपुर। महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय अध्यक्ष अलका लांबा और पश्चिमी जोन की प्रदेश अध्यक्ष भारती त्यागी के निर्देश पर महिला कांग्रेस की जिला अध्यक्ष अर्चना कटारिया ने मनरेगा बचाव, बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और दलित उत्पीड़न जैसे मुद्दों को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला।
अर्चना कटारिया ने कहा कि महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) गरीबों, मजदूरों और ग्रामीण जनता के लिए सम्मानजनक रोजगार का संवैधानिक अधिकार है, लेकिन बजट में लगातार की जा रही कटौती और मजदूरी भुगतान में देरी कर इस योजना को कमजोर किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बढ़ती महंगाई और बेरोजगारी के इस दौर में मनरेगा ग्रामीण परिवारों के लिए जीवनरेखा साबित हो सकती है, लेकिन सरकार की नीतियों के कारण ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार संकट और गहराता जा रहा है।
उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में बेरोजगारी चरम पर पहुंच चुकी है। युवा रोजगार की तलाश में भटकने को मजबूर हैं, जबकि महंगाई ने आम जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। आवश्यक वस्तुएं आम आदमी की पहुंच से बाहर होती जा रही हैं, लेकिन सरकार इन जमीनी समस्याओं से आंख मूंदे हुए है।
अर्चना कटारिया ने दलित उत्पीड़न के मामलों पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि देश में अन्याय और अत्याचार की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी हमेशा से कमजोर, वंचित और दलित वर्गों की आवाज़ उठाती रही है और आगे भी उनके अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष करती रहेगी।
उन्होंने स्पष्ट किया कि महिला कांग्रेस मनरेगा, रोजगार, महंगाई और सामाजिक न्याय से जुड़े मुद्दों पर सरकार के खिलाफ संघर्ष जारी रखेगी और जनता की आवाज़ को सड़क से लेकर सदन तक बुलंद किया जाएगा।
इस अवसर पर महानगर अध्यक्ष सीमा गौतम, शाहिना खातून, जितेंद्री, सोनम, तबस्सुम, बेबी, राधा और अनुभ कटारिया सहित महिला कांग्रेस की कई पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहीं।
