संयुक्त राष्ट्र/वॉशिंगटन – अमेरिका ने आरोप लगाया है कि रूस यूक्रेन में खतरनाक और समझ से परे तरीकों से युद्ध को और तेज कर रहा है। अमेरिका की संयुक्त राष्ट्र में उप-राजदूत टैमी ब्रूस ने सोमवार को सुरक्षा परिषद की बैठक में रूस की कड़ी निंदा करते हुए यूक्रेन में बढ़ती जानमाल की क्षति पर गंभीर चिंता जताई।
यह बयान ऐसे समय आया है, जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप रूस और यूक्रेन के बीच संघर्ष विराम कराने की कोशिशें कर रहे हैं, लेकिन अब तक दोनों पक्षों के बीच किसी सहमति पर पहुंचना संभव नहीं हो पाया है। इस बीच रूस और अमेरिका के संबंधों में तल्खी और बढ़ती दिखाई दे रही है।
रूस के बैलिस्टिक और हाइपरसोनिक मिसाइल हमलों पर चिंता
अमेरिका ने विशेष रूप से रूस द्वारा हाल ही में किए गए बड़े मिसाइल और ड्रोन हमलों पर चिंता जताई। रूस ने पिछले गुरुवार रात यूक्रेन पर सैकड़ों ड्रोन और दर्जनों मिसाइलों से हमला किया था, जिनमें नई और शक्तिशाली परमाणु क्षमता वाली हाइपरसोनिक ‘ओरेश्निक’ बैलिस्टिक मिसाइल भी शामिल थी। मॉस्को ने इस मिसाइल का दूसरी बार इस्तेमाल किया, जिसे कीव के नाटो सहयोगियों के लिए एक स्पष्ट चेतावनी माना जा रहा है।
इन हमलों के बाद यूक्रेन के आग्रह पर सुरक्षा परिषद की आपात बैठक बुलाई गई। बैठक में टैमी ब्रूस ने कहा कि ओरेश्निक मिसाइल जैसे हथियारों का उपयोग युद्ध को बेहद खतरनाक मोड़ पर ले जा सकता है।
अमेरिका ने तनाव कम करने की अपील की
अमेरिकी उप-राजदूत ने कहा,
“ऐसे समय में, जब राष्ट्रपति ट्रंप की शांति के प्रति प्रतिबद्धता के चलते अभूतपूर्व संभावनाएं मौजूद हैं, दोनों पक्षों को तनाव कम करने के रास्ते तलाशने चाहिए। इसके बावजूद रूस की कार्रवाइयों से युद्ध के और फैलने तथा तेज होने का खतरा बढ़ गया है।”
उन्होंने यूक्रेन में बड़ी संख्या में हो रही नागरिक मौतों को लेकर भी गहरी चिंता जताई।
रूस का पलटवार, बातचीत की शर्तें कड़ी होने की चेतावनी
रूस ने अमेरिका के आरोपों को खारिज करते हुए कड़ा जवाब दिया। संयुक्त राष्ट्र में रूस के राजदूत वसीली नेबेंजिया ने कहा कि जब तक यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की वास्तविक शर्तों पर बातचीत के लिए तैयार नहीं होते, रूस सैन्य विकल्पों के जरिए समस्या का समाधान करता रहेगा।
नेबेंजिया ने चेतावनी दी,
“जेलेंस्की को बहुत पहले चेताया गया था। हर गुजरते दिन के साथ बातचीत की शर्तें उनके लिए और खराब होती जाएंगी। रूसी नागरिकों पर किसी भी हमले का कड़ा जवाब दिया जाएगा।”
अमेरिका-रूस संबंधों में बढ़ती तल्खी
इससे पहले अमेरिका द्वारा उत्तरी अटलांटिक में एक तेल टैंकर को जब्त किए जाने पर रूस ने कड़ी आपत्ति जताई थी। अब सुरक्षा परिषद में अमेरिका के सख्त रुख और बयानबाजी ने दोनों देशों के संबंधों में और तनाव पैदा कर दिया है।
वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूस पर अतिरिक्त और कठोर आर्थिक प्रतिबंध लगाए जाने के संकेत भी दिए हैं, जिससे आने वाले दिनों में दोनों देशों के रिश्ते और बिगड़ने की आशंका जताई जा रही है।
