विशाखापत्तनम, 12 अक्टूबर — फॉर्म में वापसी कर चुकीं स्मृति मंधाना (80) और युवा प्रतिभा प्रतिका रावल (75) की बेहतरीन अर्धशतकीय पारियों की मदद से भारत ने रविवार को महिला क्रिकेट विश्व कप के एक अहम मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 330 रन का मजबूत स्कोर खड़ा किया। हालांकि अनाबेल सदरलैंड की धारदार गेंदबाजी ने भारत की पारी को 48.5 ओवर में ही समेट दिया।
भारत की पारी की शुरुआत शानदार रही, जब स्मृति और प्रतिका ने पहले विकेट के लिए 155 रन की साझेदारी की। इस टूर्नामेंट में पहले तीन मुकाबलों में असफल रहे भारत के शीर्षक्रम ने इस बार दर्शकों की उम्मीदों पर खरा उतरते हुए जोरदार प्रदर्शन किया और एसीए वीडीसीए स्टेडियम में दर्शकों को रोमांच से भर दिया।
स्मृति मंधाना का रिकॉर्ड ब्रेकिंग प्रदर्शन
स्मृति मंधाना ने केवल 66 गेंदों में 80 रन बनाए जिसमें 9 चौके और 3 छक्के शामिल थे। इस दौरान उन्होंने एक ही कैलेंडर वर्ष में 1000 वनडे रन पूरे करने वाली पहली महिला क्रिकेटर बनने का इतिहास रचा, साथ ही वनडे में 5000 रन का आंकड़ा पार करके मिताली राज के बाद भारत की दूसरी बल्लेबाज बन गईं।
प्रतिका रावल की जिम्मेदार पारी
प्रतिका रावल ने अपने संयमित खेल से दूसरे छोर को मजबूती दी और 75 रन (78 गेंद, 8 चौके, 1 छक्का) की उपयोगी पारी खेली। दोनों ओपनरों ने ऑस्ट्रेलिया के अनुभवी गेंदबाजों को खासा परेशान किया और मैदान के चारों ओर रन बटोरे।
मध्यक्रम का योगदान
सलामी बल्लेबाजों के आउट होने के बाद हरलीन देयोल (38), जेमिमा रौड्रिग्स (33) और रिचा घोष (32) ने तेजी से रन बटोरते हुए टीम को 300 के पार पहुंचाया। हरलीन ने अपने वनडे करियर के 1000 रन भी पूरे किए। वहीं, रिचा ने अपनी 22 गेंदों की पारी में 2 छक्के और 3 चौके लगाए।
सदरलैंड का घातक स्पेल
ऑस्ट्रेलिया की ओर से अनाबेल सदरलैंड ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 9.5 ओवर में 40 रन देकर 5 विकेट झटके। वहीं सोफी मोलिनू ने भी 3 विकेट लेकर भारत को अंतिम ओवरों में झटका दिया। भारत ने अपने अंतिम 6 विकेट सिर्फ 36 रन के भीतर गंवाए, जिससे स्कोर 350 पार नहीं हो सका।
