शाहजहांपुर। नरेन्द्र कश्यप के जनपद भ्रमण के दौरान सामाजिक कल्याण, शिक्षा और प्रशासनिक समीक्षा से जुड़े कई महत्वपूर्ण कार्यक्रम आयोजित किए गए। राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) के रूप में उन्होंने दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण, छात्राओं के आवासीय सुविधाओं के उन्नयन और विकास योजनाओं की प्रगति पर विशेष जोर दिया।
दौरे की शुरुआत दिव्यांगजन सशक्तिकरण कार्यक्रम से हुई, जहां प्रभारी मंत्री ने 42 दिव्यांगजनों को ट्राइसाइकिल, व्हीलचेयर, बैसाखी सहित विभिन्न सहायक उपकरण वितरित किए। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार का उद्देश्य दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर बनाना और उन्हें मुख्यधारा से जोड़ना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि पात्र लाभार्थियों की पहचान कर योजनाओं का लाभ समयबद्ध ढंग से उपलब्ध कराया जाए, ताकि कोई भी जरूरतमंद वंचित न रह जाए।
इसके उपरांत मंत्री ने खिरनीबाग स्थित राजकीय अनुसूचित जाति बालिका छात्रावास के जीर्णोद्धार कार्य का शिलापट अनावरण कर लोकार्पण किया। लगभग 59.92 लाख रुपये की लागत से संपन्न इस नवीनीकरण कार्य के अंतर्गत छात्रावास की आधारभूत सुविधाओं को आधुनिक स्वरूप दिया गया है। मंत्री ने कहा कि सुरक्षित और बेहतर आवासीय वातावरण मिलने से छात्राओं की शिक्षा में सकारात्मक परिवर्तन आएगा और उन्हें पढ़ाई के लिए अनुकूल माहौल प्राप्त होगा।

उन्होंने छात्राओं से संवाद कर उनकी आवश्यकताओं के बारे में जानकारी ली और अधिकारियों को निर्देश दिया कि छात्रावास में स्वच्छता, सुरक्षा, पेयजल, विद्युत आपूर्ति और अन्य मूलभूत सुविधाओं की नियमित निगरानी सुनिश्चित की जाए। मंत्री ने कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और सुरक्षित आवासीय व्यवस्था सरकार की प्राथमिकता है, जिससे समाज के वंचित वर्गों को सशक्त बनाया जा सके।
दौरे के अगले चरण में विकास भवन सभागार में समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें विभिन्न विभागों द्वारा संचालित योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। प्रभारी मंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि विकास कार्यों में गुणवत्ता और समयसीमा का विशेष ध्यान रखा जाए तथा जनसमस्याओं के समाधान में संवेदनशीलता और पारदर्शिता अपनाई जाए। उन्होंने कहा कि कानून व्यवस्था, जनकल्याणकारी योजनाओं और आधारभूत ढांचे से जुड़े कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
बैठक में विभागवार प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की गई, जिसमें शिक्षा, स्वास्थ्य, ग्रामीण विकास, सामाजिक कल्याण और आधारभूत संरचना से संबंधित योजनाओं की स्थिति पर चर्चा हुई। मंत्री ने लंबित मामलों के शीघ्र निस्तारण और फील्ड स्तर पर नियमित निरीक्षण के निर्देश दिए। उन्होंने यह भी कहा कि जनप्रतिनिधियों और प्रशासन के बीच समन्वय से विकास कार्यों की गति और प्रभावशीलता बढ़ेगी।
कार्यक्रम के दौरान जनप्रतिनिधि, जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, प्रभारी मंत्री के दौरे से विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में गति आने की उम्मीद है। स्थानीय स्तर पर इसे जनहित और प्रशासनिक जवाबदेही को सुदृढ़ करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
