लखनऊ, एक फरवरी । केंद्रीय बजट 2026-27 पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने रविवार को कहा कि जब भाजपा सरकार से ही कोई उम्मीद नहीं है, तो उसके बजट से भी कोई उम्मीद नहीं की जा सकती।
अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में शेयर बाजार में गिरावट का जिक्र करते हुए कहा, “आ गया भाजपाई बजट का परिणाम, शेयर मार्केट हुआ धड़ाम।” उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा, “हमने तो पहले ही कहा था कि सवाल यह नहीं है कि शेयर बाजार रविवार को खुलेगा या नहीं, सवाल यह है कि और कितना गिरेगा।”
सपा प्रमुख ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार का हर बजट केवल चुनिंदा लोगों के हित में होता है। उन्होंने कहा, “जब भाजपा सरकार से कोई उम्मीद नहीं है, तो उसके बजट से क्या होगी। हम तो भाजपा के हर बजट को 1/20 का बजट मानते हैं, क्योंकि यह सिर्फ पांच प्रतिशत लोगों के लिए होता है।”
यादव ने दावा किया कि भाजपा का बजट आम जनता के लिए नहीं, बल्कि “अपने कमीशन और अपने लोगों को फायदा पहुंचाने” के लिए तैयार किया जाता है। उन्होंने आरोप लगाया, “भाजपा का बजट दरअसल भाजपाई भ्रष्टाचार की अदृश्य खाता-बही है।”
अखिलेश यादव ने कहा कि बजट में न तो आम जनता का जिक्र है और न ही उसकी कोई चिंता। उन्होंने आरोप लगाया कि बेतहाशा महंगाई के बावजूद जनता को किसी तरह की कर राहत नहीं देना सीधा “टैक्स-शोषण” है।
उन्होंने दावा किया कि बजट में अमीरों के कारोबार और घूमने-फिरने पर कई तरह की छूटें दी गई हैं, जबकि बेरोजगारी और बेकारी से जूझ रहे युवाओं और आम लोगों के लिए कुछ भी नहीं है। यादव ने कहा, “बेकारी-बेरोजगारी से परेशान लोगों की उम्मीदों की थाली इस बजट में पूरी तरह खाली है। यह बजट निराशाजनक और निंदनीय है।”
