गर्रा-खन्नौत की बाढ़ समस्या के समाधान के लिए वैज्ञानिक अध्ययन शुरू

शाहजहांपुर, 6 मार्च। शहर में हर वर्ष गर्रा और खन्नौत नदियों से आने वाली बाढ़ की समस्या के स्थायी समाधान के लिए जिला प्रशासन ने वैज्ञानिक अध्ययन की पहल की है। इसी क्रम में जिलाधिकारी धर्मेंद्र प्रताप सिंह की अध्यक्षता में कैंप कार्यालय में राष्ट्रीय जल विज्ञान संस्थान, रुड़की के वैज्ञानिकों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।

बैठक में संस्थान से आए वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. एल.एन. ठकुराल और डॉ. पी.सी. नायक ने हाइड्रोडायनामिक फ्लो मॉडलिंग के माध्यम से बाढ़ प्रबंधन की प्रक्रिया के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस तकनीक के जरिए नदियों के जलस्तर, पानी के बहाव की दिशा और शहर के जलभराव वाले क्षेत्रों का सटीक आकलन किया जा सकेगा। इससे भविष्य में बाढ़ से बचाव के लिए ठोस और वैज्ञानिक योजना तैयार करने में मदद मिलेगी।

जिलाधिकारी ने वैज्ञानिकों को निर्देश दिया कि वर्ष 2024 में आई बाढ़ के कारणों का विशेष अध्ययन किया जाए और उससे पहले तथा बाद के वर्षों में हुए बदलावों का भी तुलनात्मक विश्लेषण किया जाए, ताकि समस्या की जड़ तक पहुंचा जा सके। उन्होंने यह भी कहा कि अध्ययन केवल शहर तक सीमित न रहकर पीलीभीत जनपद के दियूनी डैम से लेकर **शाहजहांपुर> जिले के अंतिम छोर तक किया जाए, जिससे पानी के बहाव और डिस्चार्ज की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सके।

बैठक में यह भी निर्देश दिए गए कि नदियों की सफाई, खुदाई अथवा अन्य तकनीकी उपायों की आवश्यकता का भी परीक्षण किया जाए। जिलाधिकारी ने सिंचाई विभाग को वैज्ञानिकों को आवश्यक तकनीकी आंकड़े उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। वहीं नगर निगम को काशीराम कॉलोनी और मनफूल कॉलोनी के नालों पर बाढ़ से पहले स्लूइस गेट लगाने को कहा गया, ताकि नदियों का बढ़ा हुआ पानी बस्तियों में वापस न जा सके।

इसके अलावा शाहजहांपुर विकास प्राधिकरण को पुराने मास्टर प्लान का अध्ययन कर शहरी ड्रेनेज व्यवस्था और निर्माण कार्यों में बेहतर समन्वय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।

बताया गया कि राष्ट्रीय जल विज्ञान संस्थान रुड़की के वैज्ञानिकों की टीम छह और सात मार्च को जिले के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण करेगी। इस दौरान तटबंधों, ड्रेनेज आउटलेट और संवेदनशील इलाकों का विस्तृत जायजा लेकर भविष्य की कार्ययोजना तैयार की जाएगी।

Related Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *