लखनऊ। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शुक्रवार को सहारा शहर, गोमतीनगर में छापेमारी कर सहारा समूह से जुड़े दस्तावेजों की जांच की। करीब दो घंटे तक चली इस कार्रवाई के दौरान टीम ने वहां मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों से पूछताछ की तथा कई महत्वपूर्ण दस्तावेज अपने कब्जे में लिए।
सूत्रों के अनुसार जब्त किए गए दस्तावेजों में मुख्य रूप से संपत्तियों से जुड़े कागजात शामिल हैं। जांच एजेंसी यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि सहारा समूह की संपत्तियों के लेनदेन और बिक्री में कहीं किसी प्रकार की अनियमितता तो नहीं हुई है।
दरअसल, सहारा समूह की संपत्तियों की बिक्री को लेकर पहले भी कई राज्यों में जांच हो चुकी है। इससे पहले ईडी की कोलकाता आंचलिक टीम ने 26 फरवरी को ओडिशा के बहरामपुर और भुवनेश्वर, आंध्र प्रदेश के अनंतपुर तथा कर्नाटक के बेल्लारी में स्थित परिसरों में तलाशी अभियान चलाया था।
जांच के दौरान सामने आया कि बहरामपुर स्थित सहारा प्राइम सिटी लिमिटेड की 43 एकड़ जमीन में से लगभग 32 एकड़ भूमि दिसंबर 2025 में बेच दी गई थी। आरोप है कि यह सौदा एक निरस्त बोर्ड प्रस्ताव के आधार पर सहारा के एक कर्मचारी के पक्ष में किया गया और इसमें अदालत के निर्देशों की भी अनदेखी की गई।
ईडी को संदेह है कि इस तरह के सौदे समूह के वरिष्ठ प्रबंधन के निर्देश पर किए गए हो सकते हैं। इसी को देखते हुए एजेंसी अब उत्तर प्रदेश समेत अन्य राज्यों में सहारा समूह की संपत्तियों की जांच कर रही है।
जांच एजेंसी को आशंका है कि कई जगहों पर इसी तरह संपत्तियों की बिक्री की गई हो सकती है। ऐसे मामलों की पुष्टि होने पर ईडी संबंधित लोगों के खिलाफ आगे की कार्रवाई कर सकती है।
