कराची, 21 जनवरी । पाकिस्तान के कराची शहर के सदर इलाके में स्थित गुल शॉपिंग प्लाजा में लगी भीषण आग में मरने वालों की संख्या बढ़कर 30 हो गई है। अधिकारियों के अनुसार, इस हादसे में 73 लोग अब भी लापता हैं, जिनमें 16 नाबालिग लड़के भी शामिल हैं। लापता लोगों की तलाश के लिए बचाव अभियान लगातार जारी है।
यह आग 17 जनवरी की रात गुल शॉपिंग प्लाजा के भूतल पर लगी थी, जिसने देखते ही देखते पूरी इमारत को अपनी चपेट में ले लिया। आग पर काबू पाने में दमकल विभाग को करीब 36 घंटे का समय लगा। आग की तीव्रता इतनी अधिक थी कि इमारत का बड़ा हिस्सा पूरी तरह नष्ट हो गया।
सिंध पुलिस की सर्जन डॉ. सुम्मैया सैयद ने बताया कि बुधवार सुबह मलबे से दो और शव बरामद किए गए, जिन्हें जिन्ना अस्पताल भेजा गया है। इसके साथ ही मृतकों की कुल संख्या 30 हो गई है। उन्होंने कहा कि अब तक केवल 10 शवों की पहचान हो सकी है, जबकि बाकी शव बुरी तरह झुलस जाने के कारण पहचान योग्य नहीं हैं।
सिंध प्रांतीय सरकार ने 73 लापता व्यक्तियों की एक आधिकारिक सूची जारी की है। माना जा रहा है कि आग लगने के समय ये सभी लोग प्लाजा के भीतर मौजूद थे। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, लापता लोगों में 10 से 69 वर्ष तक की आयु के पुरुष, महिलाएं और बच्चे शामिल हैं। इनमें कम से कम 16 नाबालिग लड़के हैं, जो या तो दुकानों में काम कर रहे थे या खरीदारी के लिए आए थे। इसके अलावा सूची में 10 महिलाओं के नाम भी शामिल हैं।
कराची के मेयर मुर्तजा वहाब ने बताया कि लापता लोगों की सूची प्रभावित परिवारों, प्लाजा के दुकानदारों और उनके कर्मचारियों से मिली जानकारी के आधार पर तैयार की गई है। उन्होंने कहा कि अब तक बरामद 30 शवों में से कम से कम 20 की पहचान नहीं हो पाई है, जिससे आशंका है कि ये शव उन्हीं लापता लोगों के हो सकते हैं जिनके नाम सूची में दर्ज हैं।
इस बीच, वरिष्ठ वकील आबिद मतीन ने पुष्टि की है कि गुल शॉपिंग प्लाजा की सुरक्षा व्यवस्था और इमारत के ढांचे को लेकर अदालतों में पहले से ही कम से कम तीन मामले लंबित थे। आग के बाद अब यह पूरी इमारत पूरी तरह से नष्ट हो चुकी है।
कराची मेट्रोपॉलिटन कॉर्पोरेशन के मुख्य अग्निशमन अधिकारी हुमायूं खान के अनुसार, मलबा हटाने और लापता लोगों की तलाश का कार्य पूरा होने में अभी 10 से 15 दिन और लग सकते हैं। प्रशासन ने कहा है कि बचाव अभियान को पूरी गंभीरता के साथ जारी रखा जाएगा और पीड़ित परिवारों को हर संभव सहायता प्रदान की जाएगी।
