नई दिल्ली, 10 जून 2026। तृणमूल कांग्रेस की राज्यसभा सांसद सुष्मिता देव ने बुधवार को राज्यसभा की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया। पूर्व कांग्रेस नेता सुष्मिता देव कुछ वर्ष पहले तृणमूल कांग्रेस में शामिल हुई थीं। उन्होंने राज्यसभा के सभापति सी.पी. राधाकृष्णन से मुलाकात कर अपना इस्तीफा सौंपा।
सुष्मिता देव इस सप्ताह राज्यसभा और तृणमूल कांग्रेस से इस्तीफा देने वाली दूसरी सांसद हैं। इससे पहले तृणमूल कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं राज्यसभा सांसद सुखेंदु शेखर राय भी पार्टी और सदन की सदस्यता से इस्तीफा दे चुके हैं।
सूत्रों के अनुसार, सुष्मिता देव के भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में शामिल होने की संभावना जताई जा रही है। हाल ही में उनकी असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा से मुलाकात ने इन अटकलों को और बल दिया है।
राज्यसभा सभापति को भेजे अपने इस्तीफे में सुष्मिता देव ने लिखा, “मैं राज्यसभा की सदस्यता से इस्तीफा देती हूं, जिसे कृपया तत्काल प्रभाव से स्वीकार किया जाए।”
उन्होंने अपने पत्र में राज्यसभा के सभापति, उपसभापति तथा राज्यसभा सचिवालय के अधिकारियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सदस्य के रूप में उनके कार्यकाल के दौरान उन्हें निरंतर सहयोग और समर्थन मिला।
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में तृणमूल कांग्रेस की हार के बाद पार्टी के भीतर असंतोष और बगावत के स्वर लगातार तेज होते जा रहे हैं। राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि पार्टी के कई सांसद और नेता अलग राजनीतिक राह चुनने की तैयारी में हैं।
इससे पहले तृणमूल कांग्रेस के कई विधायकों ने भी रिताब्रता बनर्जी के नेतृत्व में अलग समूह बनाने का फैसला किया था। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि सुष्मिता देव का इस्तीफा तृणमूल कांग्रेस के लिए एक और बड़ा झटका माना जा रहा है।
हालांकि, सुष्मिता देव या भाजपा की ओर से अभी तक उनके संभावित राजनीतिक भविष्य को लेकर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
