बाराबंकी, 02 जून (यूएनएस)। उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने मंगलवार को बाराबंकी दौरे के दौरान बालिकाओं से तकनीकी शिक्षा के साथ आत्मरक्षा के लिए कराटे सीखने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि आधुनिक दौर में कंप्यूटर ज्ञान और आत्मरक्षा का कौशल दोनों ही बेटियों को आत्मनिर्भर और आत्मविश्वासी बनाने के लिए आवश्यक हैं।
राज्यपाल आवास विकास कॉलोनी स्थित राजकीय बालिका संप्रेक्षण गृह में नवनिर्मित कंप्यूटर लैब के उद्घाटन कार्यक्रम में शामिल होने पहुंची थीं। दोपहर करीब 12:15 बजे कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने के बाद उन्होंने वहां रह रही किशोरियों और कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय की छात्राओं से संवाद किया।
अपने संबोधन में राज्यपाल ने डिजिटल शिक्षा के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि कंप्यूटर और तकनीकी ज्ञान आज के समय की सबसे बड़ी जरूरत है। इसके माध्यम से युवा अपने भविष्य को बेहतर बना सकते हैं और रोजगार के नए अवसर प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने बालिकाओं को शिक्षा के साथ-साथ आत्मरक्षा के लिए कराटे का प्रशिक्षण लेने की सलाह दी।
राज्यपाल ने छात्राओं को प्रेरित करते हुए कहा कि वे अपनी रुचि के अनुसार शिक्षा, खेल, भरतनाट्यम, कथक या अन्य किसी भी क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर अपनी अलग पहचान बना सकती हैं। उन्होंने कहा कि मेहनत, अनुशासन और आत्मविश्वास के बल पर कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
संवाद के दौरान आनंदीबेन पटेल ने अपने छात्र जीवन के अनुभव भी साझा किए। उन्होंने बताया कि लगभग 50 वर्ष पहले पढ़ाई के दौरान उन्हें भी अनेक चुनौतियों का सामना करना पड़ा था, लेकिन उन्होंने साहस और दृढ़ संकल्प के साथ हर कठिनाई का मुकाबला किया। उन्होंने बालिकाओं से भी चुनौतियों से घबराने के बजाय उनका डटकर सामना करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान स्वास्थ्य विभाग की ओर से किशोरियों के लिए विशेष टीकाकरण अभियान भी चलाया गया। राज्यपाल ने टीकाकरण व्यवस्था का निरीक्षण किया और बालिकाओं के स्वास्थ्य संबंधी जानकारी प्राप्त की।
इस अवसर पर उत्तर प्रदेश सरकार में खाद्य एवं रसद राज्यमंत्री Satish Sharma, जिला प्रशासन के अधिकारी, महिला कल्याण विभाग के प्रतिनिधि तथा अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम समाप्त होने के बाद राज्यपाल दोपहर करीब 2:30 बजे लखनऊ के लिए रवाना हो गईं।
