लखनऊ, 13 अप्रैल 2026। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को आयोजित ‘जनता दर्शन’ कार्यक्रम में प्रदेशवासियों की समस्याएं सुनते हुए अधिकारियों को उनके त्वरित और संवेदनशील समाधान के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि “25 करोड़ प्रदेशवासी ही मेरा परिवार हैं” और एक मुखिया के रूप में उन्होंने स्वयं प्रत्येक फरियादी से मुलाकात कर उनकी शिकायतें सुनीं। इस दौरान बड़ी संख्या में पारिवारिक विवाद से जुड़े मामले सामने आए, जिन पर सीएम ने लोगों को समझाइश देते हुए परिवार को सबसे बड़ी पूंजी बताया।
उन्होंने कहा कि पारिवारिक मामलों को आपसी समझदारी और संवाद से सुलझाना चाहिए। “परिवार में थोड़ा झुकने से सम्मान कम नहीं होता, बल्कि रिश्ते मजबूत होते हैं। घर के मामले घर में ही सुलझाना श्रेयस्कर है,” उन्होंने कहा। साथ ही यह भी स्पष्ट किया कि यदि विवाद सुलझ न पाए, तो अंतिम विकल्प के रूप में प्रशासन या पुलिस की मदद ली जानी चाहिए।
सीएम योगी ने अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि जन समस्याओं के निस्तारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। हर शिकायत का समाधान पारदर्शी, गुणवत्तापूर्ण और संतुष्टिपरक होना चाहिए।
उन्होंने विशेष रूप से जमीन से जुड़े मामलों पर सख्ती बरतने के निर्देश दिए और कहा कि अवैध कब्जा करने वालों तथा कमजोर वर्गों को परेशान करने वालों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि सरकार हर पीड़ित की समस्या के समाधान के लिए प्रतिबद्ध है और जनहित सर्वोच्च प्राथमिकता है।
