हमीरपुर, 29 मई (यूएनएस)। उत्तर प्रदेश के हमीरपुर जिले में गुरुवार देर रात आए तेज आंधी-तूफान और बारिश के बीच बेतवा नदी पर निर्माणाधीन पुल का एक हिस्सा ढह गया। हादसे में मलबे के नीचे दबकर छह मजदूरों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य मजदूरों के फंसे होने की आशंका के चलते राहत एवं बचाव कार्य लगातार जारी है।
जानकारी के अनुसार, थाना ललपुरा क्षेत्र के मोराकंदर परसानी और थाना कुरारा क्षेत्र के नैथी गांव को जोड़ने के लिए बेतवा नदी पर पुल का निर्माण कार्य चल रहा था। गुरुवार रात करीब तीन बजे तेज आंधी और बारिश के दौरान निर्माणाधीन पुल का स्लैब अचानक भरभराकर गिर गया। उस समय कई मजदूर स्लैब के नीचे और आसपास विश्राम कर रहे थे, जिससे वे मलबे में दब गए।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और एसडीआरएफ की टीमें मौके पर पहुंच गईं और राहत एवं बचाव अभियान शुरू कर दिया गया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, हादसे में छह मजदूरों की मौत हो चुकी है, जबकि कुछ अन्य मजदूरों के अभी भी मलबे में फंसे होने की आशंका जताई जा रही है। बताया गया कि तीन मजदूर पुल के पिलर में फंस गए थे, जिन्हें सुरक्षित निकालने के प्रयास किए गए।
मृतकों की पहचान बांदा जनपद के चिल्ला निवासी लोकेंद्र निषाद (22), कुलदीप निषाद (19), भूरागढ़ निवासी सावंत यादव (28), सभाजीत (30), हमीरपुर के स्वासा खुर्द निवासी पुष्पेंद्र सिंह चौहान (34) तथा अचपुरा निवासी राजेश पाल (42) के रूप में हुई है।
उधर, जिले में आए भीषण आंधी-तूफान ने भी व्यापक तबाही मचाई। कई स्थानों पर पेड़ उखड़ गए, बिजली आपूर्ति बाधित हो गई और अनेक मकानों के टीनशेड उड़ गए। शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक सैकड़ों पेड़ गिरने से कई मार्ग अवरुद्ध हो गए, जिससे यातायात प्रभावित रहा। तेज बारिश के कारण जनजीवन भी अस्त-व्यस्त हो गया।
हादसे के बाद निर्माणाधीन पुल के स्लैब के नीचे मजदूरों के ठहरने और खराब मौसम के दौरान सुरक्षा प्रबंधों को लेकर गंभीर सवाल उठने लगे हैं। साथ ही निर्माण कार्य में मानकों की अनदेखी की आशंका भी जताई जा रही है। जिला प्रशासन ने पूरे मामले की विस्तृत जांच के आदेश दे दिए हैं।
