लखनऊ, 3 अप्रैल (RNN) — उत्तर प्रदेश पुलिस आतंकवाद निरोधक दस्ता (एटीएस) ने कथित तौर पर पाकिस्तानी आका के निर्देश पर रेलवे अवसंरचना सहित देश के महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों पर हमले की साजिश रचने में शामिल गिरोह के चार सदस्यों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
अपर पुलिस महानिदेशक (कानून-व्यवस्था) अमिताभ यश ने यहां जारी एक बयान में कहा कि गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मेरठ जिले के परीक्षितगढ़ थाना क्षेत्र के अगवानपुर निवासी साकिब उर्फ डेविल (25) और अरबाब (20) तथा गौतम बुद्ध नगर जिले के छपरौला निवासी विकास गहलावत उर्फ रौनक (27) और लोकेश उर्फ पपला पंडित उर्फ बाबू उर्फ संजू (19) के रूप में हुई है।
यश के मुताबिक आरोपियों के कब्जे से एक अदद कैन (ज्वलनशील पदार्थ), सात स्मार्ट फोन, 24 पर्चे और आधार कार्ड बरामद किए गए हैं। आरोपी सोशल मीडिया के जरिये पाकिस्तानी आकाओं के संपर्क में थे और देश विरोधी गतिविधियों में लिप्त थे।
पुलिस के अनुसार, गिरोह का मुख्य सरगना साकिब उर्फ डेविल मेरठ में नाई का काम करता है और सोशल मीडिया मंचों के माध्यम से पाकिस्तान स्थित आकाओं, विभिन्न कट्टरपंथी समूहों तथा अफगानिस्तान के कुछ लोगों से जुड़ा हुआ था।
जांच में यह भी सामने आया कि गिरोह रेलवे सिग्नल बॉक्स को नुकसान पहुंचाने, गैस सिलेंडर से भरे ट्रकों में आग लगाने और राजनीतिक हस्तियों की निगरानी करने जैसी वारदातों की योजना बना रहा था।
पुलिस ने बताया कि आरोपियों ने कुछ स्थानों पर छोटी आगजनी की घटनाओं को अंजाम दिया और उनके वीडियो कथित तौर पर पाकिस्तानी आकाओं को भेजे। इसके बदले क्यूआर कोड के माध्यम से पैसे प्राप्त किए जाते थे।
एटीएस के अनुसार, गिरोह ने लखनऊ, गाजियाबाद और अलीगढ़ जैसे शहरों में महत्वपूर्ण स्थानों की निगरानी की और रेलवे सिग्नल बॉक्स से जुड़ी सूचनाएं साझा कीं।
पुलिस ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं तथा अन्य अधिनियमों के तहत लखनऊ के एटीएस थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है। विधिक प्रक्रिया पूरी कर आरोपियों को अदालत में पेश कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
