बंगाल में पीएम मोदी का जोरदार चुनावी हमला, ‘सबका साथ-सबका विकास और लुटेरों का हिसाब’ का नारा

हल्दिया (पश्चिम बंगाल), 09 अप्रैल 2026 (यूएनएस)। नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के मद्देनज़र राज्य में चुनावी अभियान को तेज करते हुए गुरुवार को पूर्वी मेदिनीपुर के हल्दिया में जनसभा को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने भारतीय जनता पार्टी की ओर से “सबका साथ, सबका विकास और लुटेरों का हिसाब” का नया नारा देते हुए राज्य की तृणमूल कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोला।

प्रधानमंत्री ने कहा कि यह चुनाव सामान्य नहीं, बल्कि बंगाल के गौरव को पुनर्स्थापित करने का चुनाव है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य की मौजूदा सरकार विकास में बाधा बन रही है और जनता इस बार बदलाव के लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि विकसित बंगाल की मजबूत नींव रखने के लिए वर्तमान सरकार को सत्ता से हटाना जरूरी है।

प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में भाजपा सरकार की “छह गारंटियों” का भी उल्लेख किया और दावा किया कि इनसे राज्य के विकास को नई दिशा मिलेगी। उन्होंने देश की आर्थिक प्रगति का जिक्र करते हुए कहा कि भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था है, लेकिन बंगाल इस दौड़ में पीछे छूट रहा है।

मत्स्य पालन के मुद्दे पर नरेंद्र मोदी ने कहा कि अपार संभावनाओं के बावजूद राज्य मछली उत्पादन में आत्मनिर्भर नहीं बन पाया है और उसे दूसरे राज्यों पर निर्भर रहना पड़ रहा है। उन्होंने इसे राज्य सरकार की नीतियों की विफलता बताया।

युवाओं के मुद्दे पर उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में रोजगार के अवसर सीमित हैं और सरकारी नौकरियों में भ्रष्टाचार व्याप्त है। उन्होंने कहा कि एक समय औद्योगिक केंद्र रहे हल्दिया जैसे क्षेत्रों से अब युवाओं का पलायन बढ़ रहा है।

प्रधानमंत्री ने घुसपैठ, फर्जी दस्तावेज और पशु तस्करी जैसे मुद्दों पर भी तृणमूल कांग्रेस सरकार को घेरा और कहा कि राज्य में डर और भय का माहौल बनाया गया है।

केंद्र सरकार की योजनाओं का जिक्र करते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार प्रधानमंत्री से जुड़ी योजनाओं के नाम बदल देती है या उन्हें लागू नहीं करती। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना और आयुष्मान भारत योजना का उदाहरण देते हुए कहा कि इससे गरीबों को नुकसान उठाना पड़ रहा है।

राजनीतिक दृष्टि से यह रैली बेहद अहम मानी जा रही है। हल्दिया को नेता प्रतिपक्ष सुवेंदु अधिकारी का गढ़ माना जाता है, जहां भाजपा अपनी पकड़ मजबूत बनाए रखना चाहती है। वहीं आसनसोल और बीरभूम जैसे क्षेत्रों में भी पार्टी संगठनात्मक विस्तार और सत्ता विरोधी माहौल के सहारे अपनी स्थिति मजबूत करने की रणनीति पर काम कर रही है।

गौरतलब है कि 294 सदस्यीय पश्चिम बंगाल विधानसभा के लिए मतदान 23 और 29 अप्रैल को दो चरणों में होगा, जबकि मतगणना 4 मई को की जाएगी।

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